1.85 लाख छात्रों के खातों में पहुंचे बारह सौ रूपए
सीएम शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना का शुभारंभ, राज्यमंत्री व डीएम ने बांटे प्रतीकात्मक कार्ड
फतेहपुर, मो शमशाद । प्रदेश सरकार ने शिक्षकों और शिक्षा विभाग से जुड़े कर्मचारियों को बड़ी सौगात देते हुए मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना का शुभारंभ कर दिया। इसके तहत शिक्षक, शिक्षणेत्तर कर्मचारी, शिक्षामित्र, अनुदेशक, रसोइया, वार्डेन समेत पात्र कार्मिकों और उनके आश्रितों को प्रति वर्ष पांच लाख तक की कैशलेस चिकित्सा सुविधा मिलेगी। साथ ही परिषदीय विद्यालयों के विद्यार्थियों के लिए ड्रेस, जूते-मोजे, बैग व स्टेशनरी खरीदने हेतु डीबीटी के माध्यम से 1200 प्रति छात्र की धनराशि अभिभावकों के खातों में भेजी गई।
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| शिक्षक को प्रतीकात्मक कार्ड देतीं राज्यमंत्री कृष्णा पासवान व डीएम निधि गुप्ता वत्स |
वाराणसी के दीनदयाल हस्तकला संकुल में आयोजित राज्यस्तरीय कार्यक्रम का सजीव प्रसारण के सरदार वल्लभभाई पटेल प्रेक्षागृह में देखा गया। इस दौरान प्रदेश की राज्यमंत्री कृष्णा पासवान, जिलाधिकारी निधि गुप्ता वत्स, मुख्य विकास अधिकारी पवन कुमार मीना ने कार्यक्रम में भाग लिया और मुख्यमंत्री के संबोधन को सुना। इसके बाद जिले में योजना के लाभार्थी शिक्षकों एवं कर्मचारियों को प्रतीकात्मक कैशलेस चिकित्सा कार्ड वितरित किए गए। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्जवलन एवं मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुआ। स्कूली छात्राओं ने सरस्वती वंदना प्रस्तुत कर कार्यक्रम को आकर्षक बनाया। राज्यमंत्री कृष्णा पासवान ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा और स्वास्थ्य दोनों क्षेत्रों में लगातार ऐतिहासिक फैसले ले रही है। मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना से शिक्षक, शिक्षामित्र, अनुदेशक, रसोइया, वार्डेन व अन्य कार्मिकों को स्वास्थ्य सुरक्षा का मजबूत कवच मिलेगा। उन्होंने कहा कि पहले परिषदीय विद्यालयों में संसाधनों का अभाव था, लेकिन अब कायाकल्प योजना के जरिए विद्यालयों की तस्वीर बदली है। जिलाधिकारी निधि गुप्ता वत्स ने शिक्षकों को योजना का लाभ लेने के लिए शीघ्र पंजीकरण कराने की अपील की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा भेजी गई 1200 की डीबीटी राशि का उपयोग अभिभावक बच्चों के लिए ड्रेस, जूते-मोजे, स्कूल बैग और अन्य आवश्यक शैक्षणिक सामग्री खरीदने में करें। शिक्षकों से उन्होंने इसकी निगरानी सुनिश्चित करने का भी आग्रह किया। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी प्रिन्सी मौर्या ने बताया कि जिले में योजना के तहत 7061 शिक्षक, 2469 शिक्षामित्र, 273 अनुदेशक, 5704 रसोइया, 88 केजीबीवी स्टाफ, 34 आईटी शिक्षक सहित माध्यमिक शिक्षा के सहायता प्राप्त विद्यालयों के शिक्षक एवं कर्मचारी लाभान्वित होंगे। कार्यक्रम में बेसिक शिक्षा विभाग के 30 तथा माध्यमिक शिक्षा विभाग के 10 शिक्षकों एवं कर्मचारियों को प्रतीकात्मक कैशलेस कार्ड प्रदान किए गए। उन्होंने बताया कि जिले के 203679 नामांकित विद्यार्थियों में से 185105 बच्चों के अभिभावकों के खातों में डीबीटी के माध्यम से 1200 की राशि स्थानांतरित कर दी गई है। कार्यक्रम में शिक्षक संगठनों के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। अंत में राज्यमंत्री कृष्णा पासवान, जिलाधिकारी निधि गुप्ता वत्स व मुख्य विकास अधिकारी पवन कुमार मीना को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सहित बड़ी संख्या में शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं शिक्षा विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।

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