राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन, शुल्क ढांचा वापस लेने की मांग
फतेहपुर, मो शमशाद । यूपीआई के माध्यम से होने वाले डिजिटल भुगतान पर प्रस्तावित शुल्क ढांचे के विरोध में शुक्रवार को कांग्रेसियों ने जिलाध्यक्ष महेश द्विवेदी के नेतृत्व में जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन भेजा। कांग्रेसियों ने कहा कि डिजिटल भुगतान पर शुल्क लागू होने से व्यापारियों पर अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ेगा, जिसका सीधा असर ग्राहकों पर भी पड़ने की आशंका है। ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति से मांग की गई कि मर्चेंट डिस्काउंट रेट (एमडीआर) को लागू किए जाने से रोका जाए, ताकि महंगाई के दौर में व्यापारियों व आम जनता पर अतिरिक्त शुल्क का बोझ न पड़े। कांग्रेस जिलाध्यक्ष महेश द्विवेदी ने कहा कि जब बैंकों की ओर से
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| डीएम को ज्ञापन सौंपते कांग्रेसी। |
डिजिटल भुगतान व्यवस्था से किसी प्रकार के नुकसान की बात नहीं कही जा रही है तो फिर इसके लिए शुल्क लगाने की जरूरत क्या है। उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि जनता पर लगातार विभिन्न प्रकार के शुल्क और करों का बोझ बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों का खामियाजा आम जनता व व्यापारी वर्ग को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि अतिरिक्त शुल्क का भार किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। ज्ञापन देने वालों में पार्टी उपाध्यक्ष सुधाकर अवस्थी, संतोष कुमारी शुक्ला, पप्पी राजपूत, नीलम द्विवेदी, निशा गुप्ता, राजेंद्र लोधी, आशीष गौड़, देवी प्रकाश दुबे, अरुण जायसवाल, मो. शमशाद, बशीर अहमद, आरिफ खान, राजीव श्रीवास्तव, अजय बच्चा, धर्मेंद्र सिंह, हम्माद हुसैन समेत अन्य कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।

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