देवेश प्रताप सिंह राठौर
उत्तर प्रदेश झांसी शिवमहापुराण की कथा मानव जीवन को सत्य, संयम और सेवा के मार्ग पर चलने की देती है प्रेरणा: डॉ संदीप
झाँसी। शहर के बड़ागाँव गेट के बाहर स्थित शिव मंगलम विवाह घर में रविवार सायंकाल आयोजित श्री शिवमहापुराण कथा के प्रथम दिवस भक्ति, श्रद्धा और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। कथा स्थल पर हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति से पूरा वातावरण शिवमय हो गया। भक्तों ने भाव-विभोर होकर शिव कथा का रसपान किया। कथा के प्रथम दिवस शिव विवाह महोत्सव का अत्यंत रोचक और भावनात्मक वर्णन प्रस्तुत किया गया। श्री शिव–पार्वती एवं उनके परिवार की मनोहारी झांकियों के माध्यम से कथा को सजीव रूप में प्रस्तुत किया गया, जिसने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कथा वाचक श्री खिलन कृष्ण शास्त्री जी ने अपने ओजस्वी वाणी और भावपूर्ण व्याख्यान से शिव विवाह प्रसंग का ऐसा चित्रण किया कि श्रोता भावविभोर हो उठे। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में समाजसेवी डॉ. संदीप कुमार सराबगी उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि शिवमहापुराण की कथा मानव जीवन को सत्य, संयम और सेवा के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। कथा श्रवण से मन की शुद्धि होती है
और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। कार्यक्रम का कुशल संचालन सूरज विश्वकर्मा द्वारा किया गया। मुख्य यजमान के रूप में कल्पना तिवारी पत्नी संजीव तिवारी ने विधिवत आरती एवं पूजन संपन्न कराया। पूरे आयोजन में अनुशासन और भक्ति भाव स्पष्ट रूप से झलकता रहा। इस अवसर पर संघर्ष सेवा समिति, झाँसी की ओर से हर्षित अरोरा, सिद्धांत सूरज वर्मा, संदीप नामदेव, सुशांत गेड़ा सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। वहीं कथा आयोजन टीम से नीरज साहू, धीरू तिवारी, रविंद्र झा, सुरेन्द्र झा, पवन सोनी, विजेन्द्र लाटिया, अनिल प्रजापति, गोलू वर्सैयाँ, संजीव पाठक, मंगल सिंह कुशवाहा, विनोद यादव, कालीचरण श्रीवास, राहुल छोले, आकाश प्रजापति, मनोज कुशवाहा सहित अनेक श्रद्धालुओं ने सहभागिता की। श्री शिवमहापुराण कथा के आगामी दिवसों में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। आयोजन को लेकर क्षेत्र में भक्तिमय उत्साह का माहौल बना हुआ है।

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