Pages

Sunday, March 8, 2026

मशरूम, गुलाल और बांस कला से बदली तकदीर- महिला दिवस पर ग्रामीण उद्यमियों को मिला सम्मान

बेटियों ने लिखी आत्मनिर्भरता की नई इबारत 

चित्रकूट, सुखेन्द्र अग्रहरि । मझगवां स्थित दीनदयाल शोध संस्थान के कृषि विज्ञान केंद्र में रविवार को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस का आयोजन प्रेरणा और आत्मनिर्भरता की नई कहानी बन गया। कार्यक्रम में ग्रामीण आजीविका मिशन की मझगवां विकासखंड की करीब 85 महिलाओं ने भाग लिया। कलेक्टर डॉ सतीश कुमार एस की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता, नानाजी देशमुख और पंडित दीनदयाल उपाध्याय की प्रतिमा पर दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। कार्यक्रम में सफल महिला उद्यमियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि प्रशिक्षण के

महिला दिवस कार्यक्रम मेें मौजूद अधिकारीगण 

माध्यम से मशरूम उत्पादन, हर्बल गुलाल, बांस कला और खाद्य प्रसंस्करण जैसे कार्यों से वे न केवल आत्मनिर्भर बनी हैं बल्कि अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा बन रही हैं। इस अवसर पर सीमा सतनामी, वंदना शिवहरे और चंद्रिका पंसेरिया सहित कई महिलाओं को सम्मानित किया गया। कलेक्टर ने कहा कि प्रशासन महिलाओं के उत्पादों के लिए बाजार उपलब्ध कराने और उन्हें स्वावलंबन की दिशा में आगे बढ़ाने के लिए हर संभव सहयोग देगा।


No comments:

Post a Comment