खदान कर्मी की पोकलैण्ड से कुचलकर हत्या
घटना के तथ्यों को खंगालने में जुटी स्थानीय पुलिस
बांदा, के एस दुबे । बांदा जिले में खनन माफियाओं के हौसले बुलंद हैं। ताजा मामला नरैनी थाना क्षेत्र के पुकारी गांव से सामने आया है, जहां एक अवैध संचालित मोरम खदान पर काम करने वाले कर्मचारी की पोकलेन मशीन के बाकेट से चोट पहुंचाकर निर्मम हत्या करने का सनसनीखेज आरोप लगा है। इस वारदात के बाद से मृतक के परिवार में कोहराम मचा हुआ है।प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतक की पहचान पुकारी गांव के निवासी दिनेश कुमार त्रिवेदी के रूप में हुई है। वह गांव में ही चल रही एक मोरम खदान पर कर्मचारी के तौर पर काम कर रहे थे। परिजनों का आरोप है कि खदान पर चल रहीअनियमितताओं की शिकायत या किसी अन्य गतिविधि को लेकर
दिनेश की खदान ठेकेदार और वहां मौजूद कुछ अन्य लोगों से तीखी कहासुनी हो गई थी। इसी विवाद के बाद सुनियोजित तरीके से पोकलेन मशीन के भारी-भरकम बाकेट से मारकर दिनेश को मौत के घाट उतार दिया गया।इस घटना ने स्थानीय प्रशासन और खनिज विभाग की कार्यप्रणाली पर भी बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। परिजनों ने खुलासा किया है कि जब उन्होंने जिला स्तर पर इस मोरम खदान का सत्यापन करवाया, तो चौंकाने वाली बात सामने आई। जिला प्रशासन और खनिज विभाग की ओर से इस स्थान पर खदान चलाने की कोई अनुमति (लीज़) नहीं दी गई थी। इसके बावजूद बालू माफिया बेखौफ होकर अवैध खनन का काला कारोबार चला रहे थे और इसी अवैध धंधे की भेंट एक बेकसूर युवक चढ़ गया। परिजनों ने कहा कि खदान पूरी तरह अवैध थी। प्रशासन से कोई परमिशन नहीं थी। हमारे भाई (दिनेश) ने जब वहां हो रही गड़बड़ियों का विरोध किया, तो ठेकेदार और उसके गुर्गों ने पोकलेन मशीन से हमला कर उनकी जान ले ली। हमें इंसाफ चाहिए और दोषियों को फांसी होनी चाहिए।घटना के तुरंत बाद आनन-फानन में घायल दिनेश को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नरैनी ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया है। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटना के सभी बिंदुओं पर बारीकी से जांच-पड़ताल की जा रही है। परिजनों की तहरीर और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी और अवैध खनन के एंगल को भी खंगाला जा रहा है।

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