चित्रकूट, सुखेन्द्र अग्रहरि । महात्मा गांधी चित्रकूट ग्रामोदय विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय चित्रकला प्रदर्शनी ने कला के माध्यम से परंपरा और आधुनिकता का अद्भुत संगम प्रस्तुत किया। कुलगुरु प्रो. आलोक चौबे की उपस्थिति में अंतरराष्ट्रीय कलाकार गीता दास और बीनू गुप्ता की कृतियों ने दर्शकों को गहराई से प्रभावित किया। गीता दास की चित्रकला में गुरु-शिष्य परंपरा, आध्यात्मिक चेतना और आधुनिक तकनीक का अनोखा समावेश दिखा, तो बीनू गुप्ता
ने जंतर-मंतर से इसरो, वंदे भारत और माइक्रोचिप तक भारत की वैज्ञानिक यात्रा को सजीव किया। कलाकारों ने स्पष्ट संदेश दिया कि सच्ची प्रगति परंपरा और नवाचार के समन्वय में ही निहित है, जिसने दर्शकों को सोचने पर मजबूर कर दिया।


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