तीर्थ की मर्यादा बनाम अव्यवस्था का मेला
चित्रकूट, सुखेन्द्र अग्रहरि । जनपद के प्रसिद्ध महर्षि वाल्मीकि आश्रम लालापुर को पर्यटन और आस्था के अनुरूप विकसित करने की दिशा में प्रशासन ने कमर कस ली है। 6 मार्च को जिलाधिकारी पुलकित गर्ग की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में आश्रम क्षेत्र की व्यवस्थाए मेला प्रबंधन और साफ.सफाई को लेकर कई अहम निर्णय लिये गये। बैठक में अधिकारियों को चित्रकूट. प्रयागराज राष्ट्रीय मार्ग की भूमि का चिन्हांकन कर सड़क के दोनों ओर पीले पेंट से सीमांकन कराने के निर्देश दिये गये, ताकि अतिक्रमण और अव्यवस्था पर रोक लग सके। आश्रम के बाहर सड़क किनारे बेतरतीब ढंग से लगने वाली पूजा सामग्री की दुकानों को व्यवस्थित करने के लिए विशेष वेंडिंग जोन
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| जांच करते अधिकारीगण्ण |
बनाने के निर्देश भी दिये गये। बैठक में यह भी सामने आया कि भंडारे के बाद डिस्पोजल सामग्री इधर.उधर फेंक देने से आश्रम परिसर और आसपास का वातावरण गंदगी से भर जाता है। इस पर जिलाधिकारी ने जगह.जगह कूड़ेदान रखने और श्रद्धालुओं को उसमें कूड़ा डालने के लिए प्रेरित करने के निर्देश दिये। साथ ही चेतावनी दी कि यदि इसके बावजूद भी कूड़ा फैलाया गया तो संबंधित लोगों पर नियमानुसार जुर्माना लगाया जाएगा। आश्रम के मुख्य द्वार के पास सड़क किनारे और वन भूमि पर फैली गंदगी को लेकर भी नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को तत्काल सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये। दुकानदारों के लिए डस्टबिन का उपयोग अनिवार्य करने की बात भी कही गईए ताकि आस्था की इस धरोहर की पवित्रता और गरिमा बनी रह सके।
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