रात के अंधेरे में जंगल से खोज निकाला लापता मासूम - Amja Bharat

Amja Bharat

All Media and Journalist Association

Breaking

Saturday, June 13, 2026

रात के अंधेरे में जंगल से खोज निकाला लापता मासूम

बांदा/जसपुरा, के एस दुबे । जनपद के जसपुरा थाना क्षेत्र से एक राहत भरी खबर सामने आई है। यहाँ पिता की सामान्य डांट से नाराज और भयभीत होकर एक 14 वर्षीय किशोर घर छोड़कर पास के जंगलों में जाकर छिप गया। परिजनों की सूचना पर तत्परता दिखाते हुए जसपुरा थाना पुलिस ने रात के घने अंधेरे में सघन सर्च ऑपरेशन चलाया और किशोर को जंगल से सकुशल बरामद कर लिया। पुलिस की इस तत्परता की ग्रामीणों और परिजनों द्वारा जमकर सराहना की जा रही है।


जानकारी के अनुसार, जसपुरा थाना क्षेत्र के ग्राम सिकहुला निवासी बलवीर सिंह ने शुक्रवार की शाम थाने पहुंचकर पुलिस को एक बेहद चिंताजनक सूचना दी। उन्होंने बताया कि किसी बात को लेकर उन्होंने अपने 14 साल के बेटे को डांट दिया था। पिता की डांट से क्षुब्ध (नाराज) होकर किशोर बिना किसी को कुछ बताए घर से कहीं चला गया। परिजनों ने अपने स्तर पर गांव और रिश्तेदारों में उसकी काफी खोजबीन की, लेकिन जब उसका कहीं कोई सुराग नहीं लगा, तो बदहवास परिजन थाने पहुंचे।

मामले की संवेदनशीलता और किशोर की उम्र को देखते हुए पुलिस क्षेत्राधिकारी अतर्रा/जसपुरा सौरभ सिंह के निर्देशन में प्रभारी निरीक्षक जसपुरा ऋषिदेव सिंह ने तत्काल पुलिस टीमों का गठन किया। पुलिस टीम तुरंत गांव पहुंची और आसपास के लोगों से कड़ियां जोड़ते हुए देर रात सिकहुला ग्राम के पास स्थित बीहड़ जंगल में दाखिल हुई। पुलिस की कड़ी मशक्कत रंग लाई और रात के अंधेरे में ही किशोर को जंगल के भीतर से सकुशल ढूंढ निकाला गया। पूछताछ के दौरान सहमे हुए किशोर ने बताया कि वह पिता की डांट के कारण गुस्से और डर की वजह से जंगल में आकर छिप गया था। पुलिस टीम ने बेहद संवेदनशीलता दिखाते हुए किशोर को दुलारा और उसकी काउंसिलिंग की। पुलिसकर्मियों ने उसे समझाया कि माता-पिता की बातों से नाराज होकर इस तरह घर छोड़ना कितना जोखिमभरा और खतरनाक हो सकता है।

इसके साथ ही पुलिस ने परिजनों को भी हिदायत दी कि वे बच्चों के साथ संयमित व्यवहार करें और उनकी भावनाओं को समझते हुए उन्हें प्यार से उचित मार्गदर्शन दें।पुलिस की समझाइश के बाद किशोर और उसके माता-पिता ने भविष्य में दोबारा ऐसी गलती न दोहराने का आश्वासन दिया। अपने कलेजे के टुकड़े को सही-सलामत वापस पाकर परिजनों की आंखों में आंसू आ गए और उन्होंने पुलिस टीम की प्रशंसा करते हुए सहृदय आभार व्यक्त किया। इस सफल रेस्क्यू ऑपरेशन को अंजाम देने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक ऋषिदेव सिंह के साथ उपनिरीक्षक प्रेम पाल सिंह, हेड कांस्टेबल अवधेश कुमार और कांस्टेबल दीपक कुमार मुख्य रूप से शामिल रहे।


No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad

Pages