चित्रकूट, सुखेन्द्र अग्रहरि । राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण एवं उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान में आगामी 9 मई को जनपद में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाने के उद्देश्य से गुरुवार को प्रभारी जनपद न्यायाधीश/अपर जिला जज प्रथम अनुराग कुरील की अध्यक्षता में जनपद के विभागों में कार्यरत प्रशासनिक अधिकारियों की द्वितीय चरण की बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रभारी जनपद न्यायाधीश ने आगामी 9 मई को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिक से अधिक वादों को चिन्हित कर निस्तारण के लिए बल दिया। उन्होंने बैठक में मौजूद सभी अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे अपने विभागों से सम्बन्धित समस्त ऐसे मामले, जिनकों लोक अदालत के माध्यम से निस्तारित किया जा सके, को अधिक से अधिक चिन्हित कर उनमें पक्षकारों को कम से कम दो बार नोटिस तामीला कराते हुये राष्ट्रीय लोक अदालत में निस्तारित
कराने का प्रयास करें। इस दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव इला चैधरी ने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में शमनीय आपराधिक वाद, धारा-138 एनआई, मोटर एक्सीडेंट क्लेम वाद, श्रम वाद, बैंक वसूली वाद, विद्युत अधिनियम और जल वाद, सर्विस मैटर्स, पारिवारिक/वैवाहिक वाद, भूमि अधिग्रहण वाद, राजस्व/चकबन्दीवाद, किरायेदारी वाद, सुखाधिकार वाद, स्थायी निषेधाज्ञा व सिविल वाद, मनी वसूलीवाद, विनिर्दिष्ट अनुतोष वाद, मोटर वाहन ई-चालान/लघु आपराधिक वादों, श्रमवाद, प्री-लिटिगेशन के माध्यम से ऐसे वाद जो अभी न्यायालय के समक्ष नही आये हैं (विशेषकर पारिवारिक मामले), उपभोगता फोरम तथा आर्बिट्रेशन सम्बन्धित वादों का निस्तारण किया जाना है। इस मौके पर लोक अदालत के नोडल अधिकारी/विशेष न्यायाधीश एस.सी.एस.टी. राममणि पाठक, अपर सिविल जज (सीडि)/सहायक नोडल अधिकारी वर्णिका शुक्ला, क्षेत्राधिकारी नगर अरविन्द कुमार वर्मा, एसडीएम अजय कुमार यादव, आरएफओ रैपुरा अपूर्व श्रीवास्तव, क्षेत्राधिकारी यातायात यामीन अहमद, एडीओ अंकुर कचेर, जिला प्रोबेशन अधिकारी प्रगति गुप्ता, जिला दिव्यांग अधिकारी प्रियंका यादव, एआरटीओ प्रतिनिधि रवीशंकर, सूचना अधिकारी सुरेन्द्र कुमार, चकबंदी अधिकारी मनोहरलाल बर्धन आदि मौजूद रहे।


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