अपनी बहनों की सदा रक्षा करने का भाइयों ने लिया संकल्प
आनलाइन राखी बांधकर भी मनाया गया रक्षाबंधन का पर्व
सभी के मन में स्पष्ट नजर आया कोरोना वायरस का खौफ
बांदा, के एस दुबे । कोरोना वायरस ने दुनिया को पूरी तरह से उथल पुथल करके रख दिया हैं। सभी त्योहारों का जैसे सिस्टम ही बदल गया है। सात समंदर पार रहने वाला भाई अपनी बहन से राखी बंधवाने के लिए आता था। लेकिन अबकी बार कोरोना वायरस ने इस सिलसिले को भी तोड़ दिया। दूरदराज रहने वाली बहनें और भाई एक-दूसरे से मिल तो नहीं सके, लेकिन आनलाइन राखी बांधने का सिलसिला चला। घरों में रहने वाले अपने भाइयों के माथे पर तिलक लगाते हुए बहनों ने स्नेह भरी रेशम की डोर बांधी। भाइयों ने अपनी बहनों को रक्षा करने का संकल्प लिया और उपहार भी भेंट किए।
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| भाई की कलाई पर राखी बांधती बहन |
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| भाई को राखी बांधती बहन |
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| राखी बांधने के बाद मासूम भाई को मिठाई खिलाती बहन |
बंदियों ने एक दूसरे को राखी बांध कर मनाया रक्षाबंधन
बांदा। रक्षाबंधन के त्योहार पर प्रतिवर्ष मंडल कारागार में बहनों की भीड़ जुटती थी और अपने भाईयों को राखी बांधने की छूट होती थी, लेकिन इस बार कोरोना संक्रमण के चलते जेल में बंद कैदियों को अपनी बहनों के हाथों राखी बंधवाने का अवसर नहीं मिल सका। कोरोना वायरस के प्रकोप के चलते जेल में बंदियों से मुलाकात पर प्रतिबंध लगा हुआ है। ऐसे में शासन ने जेल में निरुद्ध बंदियों की बहनों को लिफाफे में बंद राखी भेजने की अपील की थी। प्रभारी जेल अधीक्षक आरके सिंह ने बताया कि जेल प्रशासन को राखी भेजने की अंतिम तारीख तक कुल 30 राखियां प्राप्त हुईं। बताया कि एक दूसरे को राखी बांधकर बंदियों ने रक्षाबंधन मनाया। बंदियों के लिए जेल प्रशासन की ओर से विशेष भोजन का इंतजाम किया गया।
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| दुकान में मिठाई खरीदने के लिए लगी भीड़ |
मिठाई की दुकानों में उमड़ी भीड़
बांदा। रक्षाबंधन पर्व में राखी के साथ ही मिठाई का बड़ा महत्व है। इसको लेकर नामचीन मिठाई की दुकानों में सुबह से देर शाम तक खरीददारी के लिए जबरदस्त भीड़ रही। कचहरी रेलवे क्रासिंग पर स्थित दो नामचीन मिठाई की दुकानों में जबरदस्त भीड़ होने के कारण जाम जैसे हालात रहे। रक्षाबंधन पर्व के दिन करोड़ों रुपए की मिठाई की बिक्री हुई। पूरे शहर की मिठाई की दुकानें भी खरीददारों से गुलजार रहीं। शहर के छोटी बाजार, बाबूलाल चैराहा, मुख्य बाजार के अलावा छोटी दुकानों में भी मिठाई की जमकर बिक्री हुई।





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