बांदा, के एस दुबे । भीषण गर्मी और हीट वेव के प्रकोप को देखते हुए बांदा के जिलाधिकारी अमित आसेरी ने कलेक्ट्रेट सभागार में सभी विभागीय अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य आमजन और बेजुबान पशुओं को इस जानलेवा गर्मी से सुरक्षित रखना है। जिलाधिकारी ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ युद्धस्तर पर राहत कार्य चलाने के निर्देश दिए हैं। बैठक में लिए गए प्रमुख निर्णय और दिशा-निर्देश दिए है कि ग्रामीण क्षेत्रों के लिए राहत और कूलिंग सेंटर जिलाधिकारी ने जिला पंचायत राज अधिकारी को सख्त लहजे में निर्देशित किया कि जनपद की सभी ग्राम पंचायतों में आवश्यकतानुसार कूलिंग सेंटर स्थापित
किए जाएं। जिन क्षेत्रों में पेयजल का संकट है, वहाँ तुरंत पानी के टैंकरों की व्यवस्था की जाए।ग्रामीण इलाकों में खराब पड़े हैंडपंपों को प्राथमिकता के आधार पर तत्काल ठीक कराया जाए ताकि पानी की किल्लत न हो। गौवंश और अन्य पशुओं को गर्मी से बचाने के लिए जिलाधिकारी ने विशेष निर्देश दिए सभी गौशालाओं में पर्याप्त मात्रा में स्वच्छ पेयजल, छाया और हरे चारे की उपलब्धता हर हाल में सुनिश्चित की जाए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट चेतावनी दी कि पानी की कमी के कारण किसी भी पशु की मृत्यु नहीं होनी चाहिए। नगर निकायों की समीक्षा करते हुए उन्होंने सभी नगर पालिका और नगर पंचायतों के अधिशासी अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों और चौराहों पर प्याऊ एवं वाटर कूलर स्थापित किए जाएं, ताकि राहगीरों को भीषण गर्मी में राहत मिल सके। जल स्रोतों को पुनर्जीवित रखने के लिए जिलाधिकारी ने मुख्य विकास अधिकारी को निर्देशित किया कि जनपद की सभी ग्राम पंचायतों में स्थित तालाबों की एक विस्तृत सूची जल्द से जल्द उपलब्ध कराई जाए, ताकि आपातकालीन स्थिति में उनका सही उपयोग और जल संरक्षण किया जा सके। जिलाधिकारी की अपीलरू जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को शासन द्वारा जारी गाइडलाइंस का कड़ाई से पालन करने को कहा है। साथ ही, उन्होंने आमजन को लू से बचाने के लिए व्यापक स्तर पर जनजागरूकता अभियान चलाने के भी निर्देश दिए हैं।


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