विद्युत विभाग के अधिकारी/कर्मचारी सो रहे कुम्भकर्णी नींद
राजापुर/चित्रकूट, सुखेन्द्र अग्रहरि । राजापुर कस्बा समेत ग्रामीण क्षेत्रों में अंधाधुंध बिजली कटौती से पेयजल समस्या ने विकराल रूप धारण कर लिया है। जनजीवन अस्त-व्यस्त हो रहा है। पानी को लोग दर-दर भटक रहे हैं। सवेरे होते ही हैण्डपम्पों में भारी भीड़ जमा हो जाती है। नगर पंचायत ने टैंकरों से वार्डों में पानी की आपूर्ति की जाती है, जो ऊंट के मुंह में जीरा है। शुक्रवार को प्रदेश सरकार की घोषणा अनुसार 22 घंटे शहरी क्षेत्र में विद्युत देने के कड़े निर्देश हैं। राजापुर कस्बे में अंधाधुंध कटौती से आंख मिचैली से जल संस्थान पेयजल आपूर्ति नहीं हो रही। नगर पंचायत अध्यक्ष संजीव मिश्रा ने कहा कि सरकार के 22 घंटे विद्युत आपूर्ति के निर्देश हैं। विद्युत विभाग के अधिकारी- कर्मचारी के मनमानी रवैय्ये से कस्बे के उपभोक्ताओं को दस घंटे विद्युत आपूर्ति मिल रही है। उसमें भी लो- वोल्टेज की समस्या बनी रहती है। कई बार जिला प्रशासन व तहसील प्रशासन से शिकायत की गई है। विद्युत विभाग के अधिकारी/कर्मचारी पर आदेशों का कोई असर नहीं होता। नगर पंचायत टैंकरों से हर रोज
![]() |
| पेयजल को परेशान कस्बावासी। |
दो वार्डों में पानी पहुंचा रही है। ये पानी ऊंट के मुंह में जीरा है। राष्ट्रीय जन उद्योग व्यापार संगठन के नगर अध्यक्ष/ वार्ड मेम्बर शंकरदयाल जायसवाल ने कहा कि विद्युत कटौती से लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं। हैण्डपम्पों के चक्कर काट रहे हैं। यमुना नदी के किनारे हनुमानगंज, रुपौलिहन टोला, केवटरहा, तुलसी नगर, कृष्णा नगर, कारखाना, गयागंज, धोबीगंज, माधवगंज के लोग यमुना नदी के प्रदूषित पानी को पीने को मजबूर हैं। भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के पूर्व क्षेत्रीय मंत्री राकेश नामदेव ने कहा कि विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता, सहायक अभियंता के तबादले के बाद विद्युत की समस्या पैदा हुई है। मऊ/मानिकपुर विधायक को शिकायती पत्र दिया गया है। अधिशाषी अभियन्ता को विधायक ने निर्देश दिये हैं। कस्बावासियों ने कहा कि विद्युत कटौती में सुधार न हुआ तो विद्युत उपखण्ड राजापुर कार्यालय का घेराव कर आन्दोलन किया जाएगा।


No comments:
Post a Comment